मुख्यमंत्री उच्च शिक्षा शोध प्रोत्साहन योजना: पत्रकारिता विभाग द्वारा डिजिटल साक्षरता और एआई के प्रभावों पर एक दिवसीय कार्यशाला संपन्न

0
50

पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग द्वारा मुख्यमंत्री उच्च शिक्षा शोध प्रोत्साहन योजना के अंतर्गत डिजिटल मीडिया साक्षरता पर एक दिवसीय कार्यशाला आयोजित की गई।
बताते चलें कि सोमवार को धर्मानंद उनियाल राजकीय महाविद्यालय के पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग ने कॉलेज रुषा सभागार में हाइब्रिड मोड में यह कार्यशाला आयोजित की है। कार्यशाला का शुभारंभ मुख्य अतिथि दीक्षा राणा ब्लॉक प्रमुख नरेंद्र नगर, हुकम सिंह भंडारी ,जिला पंचायत सदस्य टिहरी, कॉलेज प्राचार्य एवं अन्य अतिथियों ने दीप प्रज्वलन कर संयुक्त रूप से किया।
विषय विशेषज्ञ के रूप में प्रतिभागियों की समक्ष अपने विचार रखते हुए न्यूज़ पोटली की संचालक अरविंद शुक्ला ने कृषि क्षेत्र में डिजिटल मीडिया के उपयोग और दुरुपयोग पर प्रकाश डाला। उन्होंने वास्तविक फोटो तथा कंटेंट तथा बदले हुए फोटो और कंटेंट की पहचान करने के गुरु भी प्रतिभागियों को सिखाएं।
महाविद्यालय की मनोविज्ञान विभाग की प्राध्यापिका डॉ रंजीत जौहरी ने डिजिटल मीडिया की खतरों से सावधान करते हुए कहा कि हमें समय-समय पर अपनी आदतों के माध्यम से डिजिटल डिटॉक्स करते रहना चाहिए उन्होंने डिजिटल संकट के समय अपनी बात अपने बुजुर्गों को बताने की भी सलाह दी है।
ऑनलाइन मोड में विषय विशेषज्ञ के रूप में प्रतिभागिता करते हुए राष्ट्रीय ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज संस्थान हैदराबाद की डॉ आकांक्षा शुक्ला ने मिस इनफॉरमेशन,डिस- इनफॉरमेशन, डिजिटल लिटरेसी बिल,मोर्फ फोटोग्राफ की पहचान, ए आई तथा क्लाउड कंप्यूटिंग की जानकारी साझा करते हुए प्रतिभागियों का मार्गदर्शन किया।
वर्चुअल मोड में कानूनी विशेषज्ञ के रूप में अनन्या मिश्रा ने डिजिटल मीडिया के संदर्भ में साइबर कानून तथा भारतीय न्याय संहिता के उपयोग की बारीकियां समझाई।
कॉलेज प्राचार्य प्रोफेसर विजय सिंह नेगी ने अपने उद्बोधन में साइबर अपराधों तथा गलत सूचनाओं के सटीक निवारण पर अभी तक उपयुक्त खोज ना होने पर चिंता जाहिर की।
इससे पूर्व ब्लाक प्रमुख एवं कार्यक्रम की मुख्य अतिथि दीक्षा राणा ने सोशल मीडिया की अच्छाई और बुराई दोनों पक्षों को सामने रखते हुए विश्वसनीय स्रोतों की सूचनाओं पर भरोसा किए जाने पर बोल दिया। जिला पंचायत सदस्य हुकुम सिंह भंडारी ने डिजिटल मीडिया के सकारात्मक उपयोग पर जोर दिया।
कार्यशाला के प्रारंभ में अतिथियों का स्वागत प्लांटर एवं स्मृति चिन्ह भेंट कर किया गया। स्वागत और धन्यवाद उद्बोधन कार्यशाला संयोजक डॉ सृचना सचदेवा तथा संचालन डॉ जितेंद्र नौटियाल ने किया। इस अवसर पर विभाग के प्राध्यापक डॉ विक्रम सिंह बर्त्वाल के अलावा जिले के विभिन्न पंचायतों के प्रतिनिधि, कॉलेज कार्मिक तथा छात्र-छात्राएं विशेष रूप से मौजूद रहे।May be an image of text

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here