देहरादून, पूर्व मुख्यमंत्री एवं वरिष्ठ कांग्रेस नेता हरीश रावत ने पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय श्री राजीव गांधी की प्रतिमा पर कांग्रेसजनों के साथ 101 दीप प्रज्वलित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। इसके पश्चात गांधी पार्क स्थित राष्ट्रपिता महात्मा गांधी जी की प्रतिमा के समक्ष 111 दीप जलाकर बापू को श्रद्धासुमन अर्पित किए।
इस अवसर पर हरीश रावत ने कहा कि आज देश एक चुनौतीपूर्ण दौर से गुजर रहा है और ऐसे समय में हमें उन महान विभूतियों के विचारों और आदर्शों को स्मरण करने की आवश्यकता है, जिन्होंने भारत को दिशा देने का काम किया।
उन्होंने कहा कि राजीव गांधी ने भारत को 21वीं सदी के आधुनिक, तकनीकी और युवा भारत के रूप में आगे बढ़ाने का सपना देखा था। उन्होंने लोकतंत्र को जमीनी स्तर तक मजबूत करने के लिए महत्वपूर्ण कदम उठाए। युवाओं को 18 वर्ष की आयु में मतदान का अधिकार देकर उन्होंने देश की युवा शक्ति को लोकतंत्र में निर्णायक भागीदारी का अधिकार दिया। वहीं संविधान संशोधन के माध्यम से पंचायती राज संस्थाओं को सशक्त करने और महिलाओं की राजनीतिक भागीदारी बढ़ाने की दिशा में भी महत्वपूर्ण पहल की गई।
रावत ने कहा कि दूसरी ओर महात्मा गांधी जी ने सत्य और अहिंसा को अपना हथियार बनाकर दुनिया को यह संदेश दिया कि बिना हिंसा के भी सबसे बड़ी लड़ाई लड़ी और जीती जा सकती है। महात्मा गांधी ने सत्याग्रह और अहिंसा के मार्ग पर चलते हुए देश को स्वतंत्रता आंदोलन की व्यापक जनशक्ति से जोड़ा। आज जब समाज में वैमनस्य और विभाजन की परिस्थितियां दिखाई देती हैं, तब बापू के सत्य, अहिंसा, प्रेम और भाईचारे के संदेश को आत्मसात करना और भी आवश्यक हो जाता है।
उन्होंने कहा कि महात्मा गांधी और राजीव गांधी दोनों के विचारों में भारत के भविष्य को लेकर एक स्पष्ट दृष्टि थी, एक ऐसा भारत जो लोकतांत्रिक, आधुनिक, समावेशी और प्रत्येक नागरिक के सम्मान एवं अधिकारों की रक्षा करने वाला हो।
इस अवसर पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने महात्मा गांधी जी की प्रतिमा के समक्ष “रघुपति राघव राजा राम, पतित पावन सीताराम”, “वैष्णव जन तो तेने कहिए, पीर पराई जाणे रे” तथा “दे दी हमें आजादी बिना खड़ग बिना ढाल, साबरमती के संत तूने कर दिया कमाल” जैसे भजनों और गीतों का सामूहिक गायन कर राष्ट्रपिता को श्रद्धांजलि अर्पित की।
रावत ने कांग्रेस कार्यकर्ताओं का आह्वान करते हुए कहा कि आज आवश्यकता इस बात की है कि हम केवल महात्मा गांधी और राजीव गांधी जी को याद ही न करें, बल्कि उनके विचारों, लोकतांत्रिक मूल्यों, सामाजिक न्याय, समानता, सत्य और अहिंसा के रास्ते पर चलने का संकल्प भी लें, उन्होंने कहा कि यही इन महान नेताओं के प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी।
पूर्व विधायक राजकुमार,
उपाध्यक्ष लालचंद शर्मा ,वीरेंद्र पोखरियाल महेंद्र गुरु गरिमा मेहरा दसौनी अर्जुन सोनकर सुनील बांगा संजय कनौजिया कमल रावत प्रकाश सती ओमप्रकाश सती एम के पी पी जी कॉलेज की पूर्व अध्यक्ष बिपाशा बिष्ट ,अध्यक्ष प्रत्याशी प्राची शर्मा सुलेमान अली मोहन काला सूरज छेत्री अमित रावत नितिन चंचल अभिषेक सिंह आशीष देसाई सुनीता प्रकाश पिया थापा देवेंद्र कौर अल्पना जदली दीवान सिंह बिष्ट संजय थापा सुशील राठी शरीफ अहमद बेग विकास चौहान मुकेश सोनकर अमी चंद सोनकर हर्ष बागड़ी शुभम चंद अरुणा कुमार वंश चौधरी अनिल बागड़ी मनीष नागपाल मोहम्मद फैजल,यश ठाकुर करण वाल्मीकि इत्यादि बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद थे।




