Sunday, August 16, 2026
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ब्रह्ममुहूर्त में खुले आदिबदरी मंदिर के कपाट

चमोली(आरएनएस)। श्री आदिबदरी मंदिर के कपाट मकर संक्रांति पर ब्रह्ममुहूर्त में श्रद्धालुओं के दर्शन के लिए खोल दिए गए। इस दौरान भारी संख्या में श्रद्धालुओं ने भगवान आदिबदरी के शृंगार दर्शन किए। तड़के चार बजे से पहले ही यहां भक्तों की लाइन लगनी शुरू हो गई थी। बुधवार को मंदिर के पुजारी चक्रधर थपलियाल ने शुभ मुहूर्त में मंदिर में प्रवेश किया। उन्होंने पहले आदिबदरी की मूर्ति से घृत कंबल हटाया फिर उन्हें स्नान कराया। इसके बाद उन्हें पीत वस्त्र पहनाकर मुकुट, क्रीट, कुंडल, छत्र से अलंकृत किया और कुमकुम, चंदन से उनका अभिषेक कर उन्हें भोग लगाया। पंचज्वाला आरती उतारने के पश्चात सुबह साढ़े पांच बजे श्रद्धालुओं के लिए मंदिर के कपाट खोले। कपाट खुलते ही शृंगार दर्शन के लिए भक्तों की भारी भीड़ उमड़ी। कड़कड़ाती ठंड में प्रातः चार बजे से पूर्व श्रद्धालु दर्शन करने के लिए पंक्ति में खड़े हो गए थे। मंदिर के कपाट वर्ष भर में एक (पौष) माह के लिए बंद रहते हैं।
बैंड धुन के साथ महाभिषेक समारोह शुरू,  महिला मंगल दलों ने दीं सांस्कृतिक प्रस्तुतियां
आदिबदरी। बुधवार सुबह आदिबदरी मंदिर के कपाट खुलने के बाद पूर्वाह्न मंदिर परिसर में सात दिवसीय महाभिषेक समारोह शुरू हुआ। मंदिर परिसर में बने मंच पर समारोह की शुरुआत बार्डर स्काउट जोशीमठ के बैंड की धुन के साथ हुई। इस दौरान महिला मंगल दलों ने धार्मिक सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं। महाभिषेक समारोह का उद्घाटन करते हुए कर्णप्रयाग के विधायक अनिल नौटियाल ने कहा कि अपनी लोक संस्कृति को बचाने का जो प्रयास मंदिर समिति कर रही है वह सराहनीय है। हमारी सदियों से चली आ रही धार्मिक और सांस्कृतिक परंपरा से युवा पीढ़ी को जोड़कर संरक्षित रखा जा सकता है। आदिबदरी के पर्यटन विकास के लिए वे सतत प्रयासरत हैं। संग्रहालय निर्माण का काम शुरू हो गया है। शीघ्र पार्किंग निर्माण का कार्य भी शुरू होगा। विशिष्ट अतिथि बीकेटीसी के उपाध्यक्ष ऋषि प्रसाद सती ने कहा कि आदिबदरी के धार्मिक पर्यटन का भविष्य उज्जवल है। समारोह में ममंद रंडोली, छिमटा, नगली, थापली, खाल, जैम, मैतोली, पज्याणा ने धार्मिक सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुतियां दीं। दूसरी ओर गढ़वाल राइफल्स कीर्तन मंडप में मंदिर समिति के अध्यक्ष जगदीश बहुगुणा ने शाॅल ओढ़ाकर आचार्य आस्तिक सती को व्यास गद्दी पर प्रतिष्ठित किया। कथा के प्रथम दिन कथावाचक सती ने धर्म का महत्व बताया। इस अवसर पर भाजपा के प्रदेश मंत्री सतीश लखेड़ा, जिला महामंत्री अरुण मैठाणी, टीका प्रसाद मैखुरी, प्रमुख दुर्गा देवी, राजेंद्र डिमरी, बीरेंद्र नेगी, तहसीलदार डोभाल आदि मौजूद रहे।

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