धारकोट गांव में 10 दिवसीय डेयरी फार्मिंग एवं बर्मी कम्पोस्ट प्रशिक्षण का हुआ सम्मापन

“राष्ट्रीय आरसेटी श्रेष्ठा केद्र द्वारा आयोजित मुल्यांकन परीक्षा में सभी प्रशिक्षणार्थी हुए सफल “
रुद्रप्रयाग-भारतीय स्टेट बैंक ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान ;आरसेटी व भारतीय स्टेट बैंक ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान आरसेटी द्धारा अगस्त्यमुनि ब्लॉक के धारकोट गांव के राष्ट्रीय आजीविका मिशन के तहत बनें स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं ंको 10 दिवसीय डेयरी फार्मिंग एवं बर्मी कम्पोस्ट का प्रशिक्षण  दिया गया । प्रशिक्षण कार्यक्रम 27 जुलाई से प्रारम्भ हो गया था जिसमें 22 महिलाओं ने डेयरी फार्मिंग व्यवसाय की जानकारियों के साथ बर्मी कम्पोस्ट बनाने की जानकारी प्राप्त की। प्रशिक्षण के दौरान प्रशिक्षणार्थियों को रुद्रप्रयाग के डेयरी व्यवसाय के सफल उद्यमी अजय कप्रवाण की डेयरी यूनिट की विजिट करायी गयी। ओर उन्हें अच्छी नस्ल की गायों और उनके अच्छे प्रबन्धन की जानकारियां दी गयी। साथ ही चोपडा गॉव में जैविक विभाग के मास्टर ट्रेनर चंद्रप्रकाश पंत द्वारा बर्मी कम्पोस्ट का प्रैक्टीकल करवाया गया।
कार्यक्रम के दौरान पशुपालन विभाग रुद्रप्रयाग के पशुधन प्रसार अधिकारी राजेश नेगी द्वारा प्रशिक्षण के दौरान पशुपालन एवं पशुओं के रख रखाव सहित विभिन्न बिमारियों के रोकथाम टिकाकरण सहित गौशालाए निर्माण, पशुपोषक आहार  की जानकारी दी गयी।
इस अवसर पर लीड बैक अधिकारी धन सिंह डुंगरियाल द्वारा बैकिंग और बीमा की जानकारी दी गयी। आरसेटी के प्रशिक्षक वीरेन्द्र बर्त्वाल द्वारा माइक्रो लैब उद्यमिता विकासक एवं समय प्रबन्धन प्रोजेक्ट रिर्पोट समस्याओं का समाधान प्रभावी संचार आदि सत्र चलाये गये।  प्रशिक्षण के दौरान राष्ट्रीय आरसेटी श्रेष्ठता केद्र बेंगलुरू द्वारा प्रशिक्षण कार्यक्रम के मुल्यांकन हेतु परीक्षा का भी आयोजन किया गया जिसमें सभी प्रतिभागी सफल रहे। कार्यक्रम के समापन अवसर पर जिला अग्रणी बैंक प्रबन्धक ने प्रशिक्षणार्थियों को सम्बोधित करते हुुए कहा कि वर्तमान में पहाड़ी क्षेत्रों में डेयरी व्यवसाय की बहुत मांग है तथा यह स्थानीय स्वरोजगार का एक बड़ा जरिया है। उन्होंने बताया कि रुद्रप्रयाग जनपद जैविक जनपद होनें के नाते यहां पर जैविक खेती को बढ़ावा देने के लिए वर्मी कम्पोस्ट खाद की उपलब्धा होना भी जरूरी है। उन्होनें वित्तीय साक्षरता की जानकारी दी और डिजिटल पेमेंट करते समय सुरक्षा अपनाने की भी जानकारी दी। ग्राम प्रधान रजनी देवी ने कहा कि इस प्रकार का स्वरोजगार परक प्रशिक्षण गांव में पहली बार हुआ प्रशिक्षण से महिलाओं के अन्दर काफी आत्म विश्वास तो पैदा हुआ ही साथ ही उनके द्वारा पशुपालन के तौर तरीकों के बारे में काफी अच्छी जानकारियां प्राप्त हुई इस प्रकार की जानकारियों से महिलओं द्वारा डेयरी फार्म को आधुनिक तरीकों से कर जहां एक और महिलायें अपनी फालतु की मेहनत से बचेगी वहीं दूसरी और वह पशुपालन के जरिये अपने को स्वरोजगार से जोड़गी।  समापन अवसर पर लीड बैंक प्रबन्धक धन सिंह डूंगरियाल द्वारा सभी प्रशिक्षणार्थियों को प्रमाण पत्र वितरित किये गये। इस अवसर पर आरसेटी प्रशिक्षक वीरेन्द्र बर्त्वाल, प्रवीण कप्रवाण सहित प्रशिक्षण ले रहे सुनीता देवी, पुनम देवी अंजली देवी, विनीता देवी कुंवरी देवी, सुधा देवी, मंजु देवी, राजेश्वरी देवी रजनी देवी आदि महिलायें उपस्थित थी।