टिकट कटने से नाराजगी अभी भी जारी, भाजपा के दो विधायकों का इस्तीफा, एक गये कांग्रेस में, दूसरे निर्दलीय लड़ेंगे चुनाव

देहरादून, राजनीतिक बिसात पर लगातार टिकट कटने से नाराज नेताओं का एक दल से दूसरे दल में आना जूना धगा हुआ, प्रदेश में भाजपा और कांग्रेस में सूची जारी होने के बाद विरोध लगातार बढ़ता जा रहा है। इधर भाजपा के दो विधायकों ने पार्टी से इस्तीफा दे दिया है। वहीं कांग्रेस से किशोर उपाध्याय ने भाजपा ज्वाइन कर ली, दूसरी तरफ सत्तारूढ़ दल के टिहरी और रुद्रपुर के विधायक भी बगावत कर गये । टिहरी से विधायक धन सिंह नेगी ने गुरुवार को कांग्रेस ज्वाइन कर ली है।उत्तराखंड में जारी है सियासी भूचाल, भाजपा विधायक धन सिंह नेगी हुए कांग्रेस  में शामिल
जबकि रुद्रपुर से टिकट कटने से नाराज विधायक राजकुमार ठुकराल ने भाजपा से इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने प्रदेश अध्यक्ष मदन कौशिक को इस्तीफा भेज दिया है। उन्होंने इस्तीफे में लिखा है कि षड़यंत्र के चलते उनका टिकट कटवा दिया गया है संभावना है कि वह निर्दलीय चुनाव लड़ने की तैयारी में है।भाजपा की जारी सूची में सिटिंग विधायक राजकुमार ठुकराल का टिकट कट गया था। रुद्रपुर सीट पर भाजपा जिला अध्यक्ष शिव अरोरा पर भरोसा जताते हुए पार्टी ने उनका टिकट फाइनल किया है। टिकट की घोषणा होने के बाद से विधायक राजकुमार ठुकराल का फोन भी स्विच ऑफ हो गया। रुद्रपुर में भाजपा जिला अध्यक्ष शिव अरोरा व सिटिंग विधायक राजकुमार ठुकराल के बीच टिकट को लेकर खींचतान चल रही थी। दोनों ही नेता लंबे समय तक दिल्ली पहुंचकर टिकट के लिए प्रयासरत थे। दूसरी ओर कांग्रेस में शामिल हुए धन सिंह नेगी ने भाजपा के टिहरी प्रत्याशी और पूर्व कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष किशोर उपाध्याय पर संगीन आरोप लगाया है। धन सिंह का आरोप है कि किशोर ने टिहरी सीट का टिकट करोड़ों रुपए में खरीदा है। वहीं किशोर उपाध्याय को कांग्रेस ने बुधवार को छह साल के लिए पार्टी से निष्कासित कर दिया था। लेकिन किशोर भाजपा और धनसिंह कांग्रेस से टिहरी विधान सभा सीट से ही चुनाव लड़ेंगे, सिर्फ पार्टी अलग अलग होगी, लगातार बढ़ती बगावत के बीच पौड़ी की विधानसभा चौबट्टाखाल में कांग्रेस में घमासान मच गया है। यहां राजपाल बिष्ट के समर्थन में सतपुली नगर, द्वारीखाल, पोखड़ा, एकेश्वर कांग्रेस ब्लॉक अध्यक्षों ने कार्यकारिणी सहित इस्तीफा दिया है। इस सीट पर कांग्रेस ने पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष केशर सिंह नेगी को प्रत्याशी बनाया है। जिससे कार्यकर्ताओ में आक्रोश है।0000
अब देखना यह होगा की आक्रोश की बढ़ती बगावत के बीच किस दल से कौन अपनी सीट निकाल पायेगा, जबकि जनता अभी इस खेल को देखने में मस्त है, लेकिन भविष्य के लिये इस तरह की दलबदल राजनीति कहीं न कहीं जनता का कुछ न कुछ सोचने को अवश्य मजबूर करेगी |