(गौरव रावत)
रुद्रप्रयाग – शहर में नियमित पेयजल आपूर्ति एवं स्वच्छ पेयजल व्यवस्था को लेकर रुद्रप्रयाग विधानसभा से पूर्व विधायक प्रत्याशी और युवा नेता मोहित डिमरी ने जल संस्थान के अधिशासी अभियंता संदीप चतुर्वेदी से मुलाकात कर विस्तृत चर्चा की गई। उनसे कहा गया कि शहर की वर्तमान पेयजल योजना लगभग 25 वर्ष पुरानी है। यह योजना गदेरे पर आधारित होने के कारण प्रत्येक बरसात में क्षतिग्रस्त हो जाती है, जिससे शहरवासियों को कई दिनों तक पेयजल संकट का सामना करना पड़ता है। इसलिए इस योजना का अलाइनमेंट शीघ्र बदला जाना आवश्यक है।
मोहित डिमरी यह भी मांग रखी कि पेयजल के फिल्ट्रेशन सिस्टम को तत्काल बेहतर बनाया जाए। वर्तमान में लगाए गए फिल्टर निम्न गुणवत्ता के हैं, जिसके कारण लोगों को स्वच्छ पेयजल नहीं मिल पा रहा है और वे गंदा पानी पीने को मजबूर हैं। शहरवासियों के स्वास्थ्य को देखते हुए उच्च गुणवत्ता के आधुनिक फिल्टर लगाए जाने चाहिए।
उन्होंने अधिशासी अभियंता से यह भी कहा गया कि रुद्रप्रयाग शहर के लिए नई पेयजल योजना तैयार की जाए। लगभग 25 वर्ष पूर्व जब यह योजना बनी थी, तब शहर की आबादी बहुत कम थी, जबकि आज आबादी 10 हजार से अधिक हो चुकी है। वर्तमान और भविष्य की आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए नई, वैज्ञानिक एवं दीर्घकालिक पेयजल योजना बनाई जानी चाहिए।
इस दौरान यह भी कहा गया कि हाल ही में शहर में तीन-चार दिनों तक पेयजल आपूर्ति बाधित रही। यह इस बात का स्पष्ट संकेत है कि वर्तमान व्यवस्था अब शहर की जरूरतों के अनुरूप नहीं है और एक नई, मजबूत एवं टिकाऊ योजना की आवश्यकता है।
मोहित डिमरी ने सुझाव दिया कि अलकनंदा एवं मंदाकिनी नदी से लिफ्ट पेयजल योजना तैयार की जाए, ताकि रुद्रप्रयाग शहर को वर्षभर नियमित, पर्याप्त और स्वच्छ पेयजल उपलब्ध हो सके। रुद्रप्रयाग की जनता को बेहतर और सुरक्षित पेयजल उपलब्ध कराना सरकार और विभाग की प्राथमिक जिम्मेदारी होनी चाहिए।


Recent Comments