देहरादून (डोईवाला), दून में अचानक बदले मौसम बरसात और तेज हवाओं के चलते खेतों में खड़ी फसलों को काफी नुकसान पहुँचा, बे मौसम की इस बरसात ने किसानों के लिये नयी परेशानी खड़ी कर दी, जहां इस समय जहां एक और गन्ने की फसल तैयार है वहीं दूसरी तरफ धान की फसल कट रही है या फिर पक कर तैयार है। ऐसे में अचानक तेज हवाओं के साथ बरसात किसानों के लिए मुसीबत लेकर आयी है।
अखिल भारतीय किसान सभा डोईवाला मण्डल के अध्यक्ष बलबीर सिंह ने कहा कि अचानक तेज हवा के साथ आयी बारिश से खेत में खड़ी फसले बर्बाद हो गई, जिससे गन्ने और धान की फसल खेत में गिर गई ।
उन्होंने कहा की कटी हुई फसल में वजन बहुत कम हो जाता है, और उसे काटना भी बहुत मुश्किल होता है, जिससे किसानों को नुकसान पहुंचता है। उन्होंने कहा कि अभी तक गन्ने की फसल में जंगली जानवरों हाथी, बंदर और सूअर से बहुत नुकसान हो रहा था जिसके मुआवजे के लिए किसान सरकार से गुहार लगा रहे थे और अब धान की फसल गिरने के बाद किसानों को भारी नुकसान का सामना करना पड़ेगा।
अखिल भारतीय किसान सभा डोईवाला मंडल के सचिव याक़ूब अली ने कहा कि किसानों के प्रति सरकार के दोहरे रवैये से किसान पहले ही फसलों के उचित दाम न मिलने के कारण हताश व परेशान है, वहीं अब बे मौसम और तेज हवाओं के साथ आयी बारिश से गन्ने व धान फ़सल जो गिरकर बर्बाद हो गयी उसके नुकसान की भरपाई नहीं कर सकती है।
उन्होंने कहा खड़ी फ़सल की अपेक्षा गिरकर उसका वजन लगभग 30% कम हो जाता है तथा फ़सल काटने में भी ज्यादा खर्चा होता है जिससे किसान क़ो दोहरा नुकसान उठाना पड़ता है। जिस पर सरकार का कोई ध्यान नहीं देती । उन्होंने सरकार से मांग की कि किसानों के नुकसान की भरपाई हेतु फसलों के नुकसान की जाँच कराकर किसानों क़ो उचित मुआवजा दिया जाये।



