यमुनोत्री हाईवे बाधित, छटांगाधार में लगातार हो रहा भूस्खलन, मार्ग खुलने में लगेगा समय

उत्तरकाशी/देहरादून, जनपद उत्तरकाशी के छटांगाधार में लगातार हो रहे भूस्खलन के कारण राष्ट्रीय मार्ग बाधित है,
भारी भूस्खलन के कारण दूसरे दिन भी ठप रही आवाजाही, प्रशासन ने किया रूट डायवर्ट
नासूर बना छटांगाधार डेंजर जोन, पैदल आवाजाही को यमुना नदी पर बनेगी अस्थायी पुलिया, ऑल वेदर रोड कार्य के चलते छटांगाधार क्षेत्र में हुए भारी भूस्खलन के कारण यमुनोत्री हाईवे दूसरे दिन भी बाधित रहा। पहाड़ी से रुक-रुक कर भारी बोल्डर और मलबा गिरने से मार्ग खोलने में दिनभर दिक्कतें आती रही।

इसके चलते प्रशासन को यहां ट्रैफिक डायवर्ट करना पड़ा। जबकि पैदल आवाजाही के लिए यमुना नदी पर अस्थायी पुलिया बनाने की तैयारी की जा रही है। हाईवे को सुचारु करने के लिए निर्माण एजेंसी ने प्रशासन से 15 दिन का समय मांगा है।
बीते शनिवार देर रात को ऑल वेदर रोड कटिंग कार्य के कारण छटांगाधार में भारी भूस्खलन हो गया था। इसे खोलने के लिए एनएच विभाग व निर्माण एजेंसी के कर्मचारी रविवार सुबह से ही जुटे रहे, लेकिन पहाड़ी से भारी बोल्डर और मलबा गिरने का सिलसिला जारी रहने के कारण सफलता नहीं मिली।

जबकि सोमवार सुबह करीब दस बजे मलबा साफ कर हाईवे पर वाहनों की आवाजाही शुरू कर दी गई थी, लेकिन आधा घंटे बाद ही भूस्खलन सक्रिय होने से हाईवे को पुन: बंद करना पड़ा। इस कारण गीठ, ठकराल, ओजरी, बड़कोट, बडियार पट्टी के ग्रामीणों की मुसीबतें बढ़ गई हैं। क्षेत्र के टटाऊ स्थित महाविद्यालय में परीक्षा देने जा रहे छात्र-छात्राओं को इस हिस्से में जान जोखिम में डालकर आवाजाही करनी पड़ रही है। स्थिति गंभीर देखते हुए एसडीएम चतर सिंह चौहान ने हाईवे पर यातायात बंद करने और निर्माण एजेंसी को तेजी से कटिंग कार्य पूरा करने के निर्देश दिए।

यमुनोत्री हाईवे पर जोखिम को देखते हुए प्रशासन ने सभी वाहनों का रूट पौंटी पुल-गडोली-राजगढ़ी मार्ग पर डायवर्ट कर दिया है। इस रास्ते से लोगों को करीब 25-30 किमी अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ रही है। साथ ही स्थानीय लोगों की पैदल आवाजाही के लिए यमुना नदी में ह्यूम पाइप डालकर अस्थायी पुलिया तैयार करने के निर्देश दिए हैं।