राम मंदिर: अयोध्या मामले की जल्द सुनवाई के लिए अर्जी

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दिल्ली। अयोध्या में राम मंदिर विवाद के मुद्दे की जल्द सुनवाई हो इसके लिए एक बार फिर सर्वोच्च न्यायालय में सुनवाई की अर्जी डाली गयी है। प्रधान न्यायाधीश रंजन गोगोई, न्यायमूर्ति दीपक गुप्ता और न्यायमूर्ति अनिरूद्ध बोस की तीन सदस्यीय खंडपीठ से विशारद की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता पी एस नरसिम्हा ने इस मामले का उल्लेख करते हुये
राम जन्मभूमि-बाबरी मस्जिद विवाद मामले के एक हिंदू पक्षकार ने सुप्रीम कोर्ट से शीघ्र सुनवाई का अनुरोध करते हुए अर्जी दायर की है. मंगलवार को मामले के पक्षकार गोपाल सिंह विशारद की ओर से सुप्रीम कोर्ट में कहा गया कि मध्यस्थता प्रक्रिया में कोई खास प्रगति नहीं हो रही है. इसलिए जल्द सुनवाई के लिए तारीख लगाई जाए.

गौरतलब है कि कोर्ट ने बातचीत से समाधान की संभावना तलाशने के लिए पूर्व जज एफएमआई कलीफुल्ला की अध्यक्षता में तीन सदस्यीय मध्यस्थता पैनल का गठन किया है.

अयोध्या मामले में कोर्ट ने मध्यस्थता पैनल को पहले मार्च में आठ हफ्ते का समय दिया था. 6 मई को समय खत्म होने से पहले ही पैनल के कहने पर 15 अगस्त तक समय बढ़ा दिया. इस बीच मंदिर पक्षकारों ने भी गैर विवादित जमीन पर निर्माण कार्य शुरू करने की मंज़ूरी देने की याचिका लगाई.