मानववाद के संवाहक थे पं. दीनदयाल उपाध्याय: अनिरूद्ध भाटी

हरिद्वार 25 सितम्बर (कुल भूषण शर्मा) पं. दीनदयाल उपाध्याय एकात्म मानववाद के संवाहक थे। वह एक कुशल संगठनकर्ता व प्रबल राष्ट्रवादी चिंतक भी थे जिन्होंने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से जुड़कर समाजसेवा की दिशा में अविस्मरणीय योगदान दिया। यह विचार भाजपा पार्षद दल के उपनेता अनिरूद्ध भाटी ने शिवशक्ति धाम में पं. दीनदयाल उपाध्याय की जयंती के अवसर पर आयोजित विचार गोष्ठी में व्यक्त किये। ।

अनिरूद्ध भाटी ने कहा कि जन संघ की स्थापना में पं. दीनदयाल उपाध्याय का महत्वपूर्ण योगदान रहा। उन्होंने कहा कि पं. दीनदयाल उपाध्याय भारतीय राजनीति में सादगी, शुचिता व सद्भाव के स्वर्णिम हस्ताक्षर थे।।
भाजयुमो के जिला उपाध्यक्ष व पार्षद प्रतिनिधि विदित शर्मा ने कहा कि पं. दीनदयाल उपाध्याय छात्र जीवन से ही अत्यन्त मेधावी थे। उन्होंने समाज के कमजोर वर्ग को संबल प्रदान करने के लिए प्रशासनिक सेवा में चयन होने के उपरांत भी समाजसेवा का कठिन मार्ग चुना। ।

पार्षद विनित जौली व अनिल वशिष्ठ ने संयुक्त रूप से कहा कि पं. दीनदयाल उपाध्याय की राजनीति के साथ-साथ साहित्य व पत्रकारिता में भी गहरी रूचि व पकड़ थी। उन्हांेने अपने साहित्य सृजन के माध्यम से राष्ट्र को एकजुटता व कमजोर वर्ग को संबल प्रदान करने का संदेश दिया। ।
इस अवसर पर पं. दीनदयाल उपाध्याय के चित्र पर पुष्पाजंलि अर्पित करने के साथ-साथ मिष्ठान वितरण कर विचार गोष्ठी का समापन किया गया।।

विचार गोष्ठी में मुख्य रूप से सूर्यकान्त शर्मा, विकल राठी, रितेश वशिष्ठ, दिनेश शर्मा, रूपेश शर्मा, सोनू पंडित, अमरपाल प्रजापति, अंकुश भाटिया, रामवतार शर्मा, सीताराम बडोनी, दिव्यम यादव, रवि चौहान, अर्चित चौहान, हिमांशु शर्मा, संदीप गोस्वामी, अनुपम त्यागी, नरेश पाल, सतपाल सिंह, प्रकाश वीर, सुनील सैनी, सन्नी गिरि, आदित्य शर्मा, अविनाश सिंह समेत अनेक गणमान्यजन उपस्थित रहे। ।