प्रकृति का कहर- बचणस्यूं व पश्चिमी भरदार में बादल फटने से तबाही

(देवेंन्द्र चमोली)
रुद्रप्रयाग- जनपद में कोरोना संक्रमण के बढ़ते कहर के बीच प्रकृति ने भी कहर ढाना शुरु कर दिया। कुछ दिनों से शांय होते ही बदल रहे मौसम के कहर ने बचणस्यूं पट्टी सहित पश्चिमी भरदार छैत्र मे भारी तभाई मचाई है। इन छैत्रो में बादल फटने के चलते भारी नुकसान की खबर है।

खांकरा व कोटली में बादल फटने से भारी नुकसान हुआ है खांकरा-कोटली में बादल फटने से भारी तबाही की खबर है। बादल फटने से कई लोगों के घरों में मलबा घुस गया हैं खेत-खलिहानों सहित संपर्क मार्गों को भारी नुकसान हुआ है । खांकरा-कांडई मोटरमार्ग अतिबृष्टि के चलते बाधित हो गया है। नरकोटा के पास राष्ट्रीय राजमार्ग भी मलबा आने से बंद हो गया है।

बचणस्यूं पट्टी के गैरसारी व भरदार पट्टी के कोटलीे में कई घरों में मलबा घुसने से तबाही की खबर है। स्थानीय ग्रामीण राहत-बचाव कार्य में जुटे हुए है। वहीं प्रशासन की टीम प्रभावित छैत्रों मे पहुंच गई है ।
जिला प्रशासन कि आधिकारिक जानकारी के अनुसार किसी भी प्रकार के जानमाल के नुकसान की सूचना प्राप्त नहीं हुई है।
बादल फटने से नरकोटा में एक बाइक के मलबे में फसी हुई है। साथ ही सम्राट होटल के समीप मलबे की चपेट एक मैक्स वाहन UK07R7318 आ गया था, जिसमें वाहन चालक सहित कुल 4 लोग सवार थे, जिनको प्राथमिक रेस्पांडर ( स्थानीय लोगों) की मदद से कुशलतापूर्वक सुरक्षित निकाल लिया गया है तथा वाहन मलबे के साथ बहकर नदी किनारे चला गया है। इसके साथ ही राष्ट्रीय राजमार्ग अवरुद्ध हो गया था जिसे खोलने/यातायात सुचारू किए जाने हेतु जेसीबी द्वारा लगातार कार्य किया जा रहा है।

इस अवसर पर उपजिलाधिकारी रुद्रप्रयाग वृजेश तिवारी , पुलिस उपाधीक्षक गुप्तकाशी अनिल मनराल, आपदा प्रबंधन अधिकारी नन्दन सिंह रजवार, प्रभारी निरीक्षक कोतवाली रुद्रप्रयाग, कोतवाली रुद्रप्रयाग पुलिस, एसडीआरएफ, फायर सर्विस, डीडीआरएफ की टीमें मौजूद हैं।