बोलने व सुनने में अक्षम छात्रों के लिए आईआईटी रुड़की स्थित अनुश्रुति एकेडमी लगा रही है ऑनलाइन कक्षाएं

रुड़की, कोविड-19 लॉकडाउन के कारण बोलने व सुनने में अक्षम जरूरतमंद छात्रों की पढ़ाई प्रभावित न हो इसके लिए आईआईटी रुड़की की सामाजिक पहल के अंतर्गत आने वाली संस्था अनुश्रुति एकेडमी फॉर द डीफ ऑनलाइन कक्षाएं आयोजित कर रही है। आईआईटी रुड़की ने ई-लर्निंग की सुविधा से जोड़ने हेतु इन छात्रों के लिए इंटरनेट के साथ-साथ स्मार्टफ़ोन की भी व्यवस्था की है। प्रशिक्षक छात्रों के लिए वीडियो रेकॉर्ड कर रहे हैं ताकि अपने माता-पिता की मदद से छात्र इन पाठों को आसानी से समझ लें।

ई-लर्निंग प्रक्रिया में आने वाली शुरुआती समस्याओं को शिक्षक-अभिभावक के सक्रिय सहयोग से हल किया गया था। पाठ्यक्रमों के अलावा ऑनलाइन क्लास में संगीत में प्रशिक्षण के अलावा वोकेशनल स्किल्स को बढ़ाने पर भी ज़ोर दिया जा रहा है ताकि छात्रों को भविष्य में रोजगार के लिए तैयार किया जा सके। ई-लर्निंग प्रक्रिया को सुचारु रूप से लागू किया जा सके इसके लिए आईआईटी रुड़की साप्ताहिक रूप से फीडबैक ले रही है।

अनुश्रुति एकेडमी फॉर द डीफ (एएडी) के बार में:

अनुश्रुति एकेडमी फॉर द डीफ (एएडी) को पूर्व में रुड़की स्कूल फॉर द डीफ के नाम से जाना जाता था। इसकी स्थापना तत्कालीन रुड़की विश्वविद्यालय (अब आईआईटी रुड़की) के परिसर में नवंबर 1989 में की गई थी।