खास खबर : हरक की नाराजगी हुई दूर, कोटद्वार में मेडिकल कालेज के लिए जल्द होगा शासनादेश जारी

हरक की नाराजगी मेडिकल कॉलेज को लेकर थी जो अब दूर हो गई : विधायक उमेश शर्मा ‘काऊ’

देहरादून, उत्तराखंड में बीती रात कैबिनेट बैठक के बाद हुये घटनाक्रम ने देहरादून से लेकर दिल्ली तक हड़कंप मचा दिया, एकाएक हुये इस राजनीतिक घटनाक्रम की तमाम चर्चाओं को लेकर विधायक उमेश शर्मा काऊ ने जानकारी दी है। बीती रात कैबिनेट मंत्री हरक सिंह रावत के इस्तीफे और उमेश शर्मा काऊ के विधायक से इस्तीफे की चर्चा रही। अब उमेश शर्मा काऊ ने कहा कि, कोटद्वार में मेडिकल कालेज के लिए जल्द शासनादेश जारी होगा। विधायक काऊ के अनुसार पार्टी के केंद्रीय नेतृत्व के निर्देश पर उन्होंने बीती रात मंत्री रावत से बातचीत की। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने देर रात हरक सिंह रावत से बात की।
वहीं भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मदन कौशिक ने कहा कि, मंत्री हरक सिंह रावत नाराज नहीं हैं और इस्तीफे का सवाल ही नहीं बनता।

गौरतलब हो कि बीती रात हरक सिंह रावत इस्तीफे की धमकी देकर कैबिनेट बैठक छोड़कर चले गए थे। वैसे तो यह हरक सिंह की पुरानी चाल है जिसके माध्यम से वह हमेशा अपनी धमक दिखाते चले आ रहे हैं, लेकिन इस बार वे कोटद्वार मेडिकल कालेज से संबंधित प्रस्ताव कैबिनेट में नहीं रखने से नाराज बताए जा रहे थे। उधर, रायपुर क्षेत्र से भाजपा विधायक उमेश शर्मा काऊ के भी भाजपा छोड़ने की चर्चा रही, लेकिन उन्होंने इससे इन्कार किया है। काऊ को हरक सिंह के करीबियों में माना जाता है।

दूर हुई नाराजगी :

बीती रात हुये इस घटनाक्रम ने सभी को सकते में डाल दिया |
भाजपा सरकार में कैबिनेट मंत्री हरक सिंह रावत के इस्तीफे की चर्चाओं के बीच रायपुर विधायक उमेश शर्मा काऊ ने कहा है कि हरक की नाराजगी मेडिकल कॉलेज को लेकर थी जो अब दूर हो गई है। शनिवार की सुबह उमेश शर्मा काऊ मीडिया से मुखातिब हुए। उन्होंने बताया कि हरक सिंह रावत की नाराजगी दूर हो गई है।

दूसरी तरफ राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा के देहरादून दौरे से ठीक दो दिन पहले हरक के इस्तीफे की खबर ने दून से दिल्ली तक भाजपा में हडकंप मचा दिया था। देर रात सियासी हलकों में चर्चा तैरी कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने डॉ. हरक सिंह रावत से फोन बात की। वहीं मीडियाकर्मियों ने उनके यमुना कालोनी स्थित सरकारी आवास पर डेरा जमाया लेकिन हरक वहां नहीं पहुंचे। डिफेंस कालोनी स्थित आवास में भी वह नहीं मिले। मीडिया को जहां-जहां भी उनके उपलब्ध होने की संभावना था, वहां-वहां निराशा हाथ लगी। कैबिनेट बैठक से बाहर निकलने के बाद हरक ने अपना मोबाइल फोन स्विच ऑफ कर दिया था।

सुबोध उनियाल ने भी की थी हरक सिंह के नाराज होने की पुष्टि :
कैबिनेट ब्रीफिंग में पहुंचे शासकीय प्रवक्ता सुबोध उनियाल ने हरक सिंह की नाराजगी पुष्टि तो की, लेकिन इस्तीफे से जुड़े सवाल को वह टाल गए। अचानक हरक के इस्तीफे की खबर ने भाजपा में हड़कंप मचा दिया। दिल्ली से लेकर दून तक फोन घनघनाने लगे। मीडिया से इस्तीफे की पुष्टि करने का प्रयास होता रहा। संपर्क करने पर पार्टी के प्रदेश महामंत्री कुलदीप कुमार ने कहा कि हरक सिंह ने कोई इस्तीफा नहीं दिया। उन्होंने पार्टी विधायक उमेश शर्मा के इस्तीफे की खबर को सिरे से खारिज किया। पूर्व केंद्रीय शिक्षा मंत्री डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक भी हरकत में आ गए। उन्होंने भाजपा विधायक उमेश शर्मा काऊ से बात की। पार्टी के प्रदेश मीडिया प्रभारी मनवीर सिंह चौहान ने बताया कि पार्टी विधायक काऊ ने डॉ. निशंक को आश्वस्त किया कि उन्होंने पार्टी से इस्तीफा नहीं दिया है। वह भाजपा के सच्चे सिपाही हैं। चर्चा यह भी है कि में शाह ने पार्टी विधायक उमेश शर्मा काऊ के माध्यम से हरक सिंह रावत से बात की और उनकी हर समस्या के समाधान का भरोसा दिया।