अदालत ने प्रवर्तन निदेशालय को चिदम्बरम की हिरासत देने से किया इंकार, 13 नवम्बर तक रहेंगे तिहाड़ जेल

नई दिल्ली। आईएनएक्स मीडिया मामले में दिल्ली की रॉउज एवेन्यू अदालत ने बुधवार को प्रवर्तन निदेशालय (ED) को पूर्व वित्त मंत्री पी चिदंबरम की हिरासत देने से इनकार कर दिया है। कोर्ट ने पी चिदंबरम को 13 नवंबर तक के लिए न्यायिक हिरासत में तिहाड़ भेज दिया है। साथ ही कोर्ट ने चिदंबरम को अलग सेल में रखे जाने की सुविधा भी दी है। पूर्व वित्त मंत्री को घर का पका खाना, पश्चिमी शौचालय और दवाएं भी मुहैया कराई जाएंगी। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने चिदंबरम की 1 दिन की और कस्टडी मांगी थी, लेकिन कोर्ट ने ईडी को मिली 13 दिन की कस्टडी के बाद इसे और बढ़ाने से इनकार कर दिया।

 

सुनवाई के दौरान रॉउज एवेन्यू कोर्ट में ईडी ने कहा कि चिदंबरम से ज्यादा समय तक पूछताछ नहीं हो पाई। फिलहाल और कुछ सवालों के जवाब ईडी को चिदंबरम से चाहिए, इसलिए कस्टडी को बढ़ाया जाए। ईडी की तरफ से पेश हुए तुषार मेहता ने कहा कि एक दिन की कस्टडी और बढ़ाने के लिए क़ानूनी अधिकार हमारे पास है और कोर्ट को हम कारण भी लिखित में दे रहे हैं।

चिदंबरम के वकील कपिल सिब्बल ने ईडी की मांग का विरोध करते हुए कहा कि क्या 14 दिन की कस्टडी के दौरान किसी से आमना-सामना नहीं कराया। हर दिन की कहानी ईडी की एक ही है। कपिल सिब्बल ने कहा कि हमें पता है कि हर बार कस्टडी बढ़ाने का एक ही कारण बताया जाता है। हम कोर्ट से मांग करते है कि चिदंबरम की मेडिकल रिपोर्ट को देखा जाए। ईडी ने आगे कहा कि हमने आईएनएक्स मामले में कई लोगों को समन जारी किया। चिदंबरम बहुत प्रभावशाली व्यक्ति हैं, लिहाजा दूसरे आरोपियों को ईडी तक पहुंचाने में रोक भी सकते हैं।