भय नहीं सतर्कता व समझदारी से जीतनी होगी कोरोना की जंग

(देवेन्द्र चमोली)
रूद्रप्रयाग- मौजूदा समय में हम सबके सामने सबसे बडी चुनौती कोरोना महामारी है और इससे निपटने के लिए पूरी सतर्कता और समझदारी से कार्य करना होगा। इसके लिये सभी को अपनी जिम्मेदारी समझते हुये निष्ठा पूर्वक कार्य करने की जरुरत है। यह बात आज जनपद की नव नियुक्त जिलाधिकारी वंदना सिंह ने जिला कार्यालय में पत्रकारों को संबोधित करते हुये कही।
जनपद में कार्यभार ग्रहण करने के बाद आज पहली बार अपने कार्यालय में पत्रकारों से मुखातिब होते हुये जिलाधिकारी ने कहा कि जनपद में इस समय वैश्विक महामारी से निपटने के लिए आम जन सहित सभी के सहयोग की आवश्यकता है और जितनी सतर्कता होगी उतने हम सुरक्षित रहेेगे। उन्होंने कहा कि जनपद के विकास के लिये ब्यक्ति केन्द्रित न होकर ब्वस्था केन्द्रित होकर कार्य करना उनकी प्राथमिकता होगी ताकी सभी अधिकारी कर्मचारी अपनी जिम्मेदारी को समझे व निष्ठा पूर्वक अपने दायित्वों का निर्वहन करें सकें।
गांवो मे सार्वजनिक व निजी भवनो में क्वारंटीन हुये प्रवासियों की 14 दिन बाद मेडिकल जाचं किये जाने की मांग पर उन्होंने कहा कि भारत सरकार व राज्य सरकार की गाईड लाईन के अनुसार कोरोना नियंत्रण व रोकथाम के प्रभावी कदम उठाये जायेंगे। उन्होंने कहा कि कार्मिक ही प्रशासन की असली ताकत है कोराना ड्यूटी कर रहे कार्मिको की रैंडम सैपंलिग करना नितांत आवश्यक है इससे कोरोना संक्रमण की वास्तुस्थिति का भी पता चल पायेगा। जानकारी देते हुये जिलाधिकारी ने कहा कि कल उन्होंने स्टेजिंग ऐरिया, आइसोलेशन वार्ड, क्वारिंटीन सेंटरों का निरीक्षण किया और आवश्यक दिशा निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बीमारी से डरने की कोई जरूरत नहीं है सरकार और प्रशासन महामारी से लडने में पूरी ताकत से काम कर रहा है और अधिक से अधिक लोग इस बीमारी से ठीक भी हो रहे हैं, ऐसे में डर की जगह सतर्कता जरूरी है।
जिलाधिकारी ने कहा कि संसाधन सीमित है, लेकिन हमें इस तरह कार्य करना है कि उन संसाधनों में हम बेहतर कार्य कर सकें। उन्होंने क्वारंटीन हुये सभी लोगों से अपील की कि क्वारिटीन नियमों का पूरी जिम्मेदारी से पालन कर प्रशासन का सहयोग करें, क्योंकि यह आपकी और आपके परिवार, गांव की सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि गर्भवती महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखें और उन्हें घर में ही सुरक्षित रखें।