106 दिन बाद सलाखों से बाहर आएंगे पूर्व वित्त मंत्री चिदंबरम छूटने के बाद सोनिया से मिलने पहुंचे

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पूर्व केंद्रीय मंत्री पी चिदंबरम को आईएनएक्स मीडिया केस में आज सुप्रीम कोर्ट से सशर्त जमानत मिल गई। चिदंबरम बीते 105 दिन से जेल में बंद थे। उन्हें सीबीआई ने आईएनएक्स मीडिया भ्रष्टाचार मामले में 21 अगस्त को गिरफ्तार किया था। बुधवार शाम को वह तिहाड़ जेल से बाहर आ गए। चिदंबरम ने कहा कि 106 दिन तक जेल में रखने के बावजूद उनके खिलाफ एक भी आरोप तय नहीं किया गया। जेल से बाहर आने के बाद पी चिदंबरम सीधे कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी से मिलने उनके निवास स्थान पर पहुंचे।

वहीं प्रवर्तन निदेशालय ने उन्हें 16 अक्तूबर को गिरफ्तार किया था। सीबीआई और ईडी दोनों मामले में जमानत मिलने के बाद अब चिदंबरम जल्द जेल से बाहर आ सकते हैं। दिल्ली की रोस एवेन्यू कोर्ट ने सुप्रीम कोर्ट के निर्देशानुसार 2 लाख रुपये के जमानत बांड और इस तरह की राशि की जमानत जारी की है। पी चिदंबरम की रिहाई का आदेश सीधे तिहाड़ जेल भेज दिया गया है। सूत्रों के अनुसार, कांग्रेस ने अपने सभी नेताओं को तिहाड़ पहुंचने का निर्देश जारी किया है। माना जा रहा है कि कांग्रेस अपने वरिष्ठ नेता की रिहाई के दौरान एकजुटता का संदेश देने के लिए सभी नेताओं को तिहाड़ बुला रही है।

वहीं राहुल गांधी ने ट्वीट किया, पी चिदंबरम की 106 दिनों की कैद प्रतिशोधपूर्ण थी,और पूरा भरोसा है कि वह निष्पक्ष सुनवाई में खुद को निर्दोष साबित कर देंगे। फैसला सुनाते समय सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि इस दौरान वे किसी भी गवाह से संपर्क करने की कोशिश नहीं करेंगे। इसके अलावा वे बिना इजाजत विदेश यात्रा नहीं कर सकेंगे। चिदंबरम केस से संबंधित कोई सार्वजनिक बयान या साक्षात्कार नहीं देंगे।

बता दें कि न्यायमूर्ति आर बनुमथी की अध्यक्षता वाली पीठ ने 28 नवंबर को चिदंबरम द्वारा दायर अपील पर फैसला सुरक्षित रख लिया था, जिन्होंने दिल्ली उच्च न्यायालय के 15 नवंबर के फैसले को चुनौती दी थी और उन्हें मामले में जमानत देने से इनकार कर दिया था। तर्कों के दौरान, प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने शीर्ष अदालत में दावा किया था कि 74 वर्षीय पूर्व वित्त मंत्री हिरासत में रहते हुए भी मामले में महत्वपूर्ण गवाहों पर पर्याप्त प्रभाव बना रहे हैं, इसपर चिदंबरम ने कहा था कि एजेंसी आधारहीन आरोप लगाकर उनके करियर और प्रतिष्ठा को नष्ट नहीं कर सकती।